कांग्रेस ने उत्तराखंड के बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। पार्टी का आरोप है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सरकार सिफारिश के बावजूद सीबीआई जांच को भटकाने का प्रयास कर रही है। कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल का कहना है कि आरोपी नार्को टेस्ट को तैयार है, लेकिन पुष्कर धामी सरकार इसका विरोध कर रही है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने दिल्ली के पार्टी मुख्यालय में कहा कि अंकिता भंडारी के माता-पिता ने लिखित रूप में मांग की थी कि उसके हत्यारों को फांसी की सजा हो और इस केस में शामिल वीआईपी को भी सजा मिलनी चाहिए। अंकिता का परिवार किसी जज की निगरानी में सीबीआई जांच चाहता है। गोदियाल ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऐलान किया था कि सीबीआई जांच करवाई जाएगी। यह जांच अंकिता के पिता के प्रार्थनापत्र को आधार बनाकार जांच करवाई जानी थी, पर सीबीआई जांच से पहले किसी अन्य व्यक्ति की तरफ से एफआईआर दर्ज कराई गई। कहा कि अंकिता भंडारी ऐसा पहला केस है, जहां आरोपी कह रहा है कि उसका नार्को टेस्ट हो, पर सरकार विरोध कर रही है।
पीसीसी का गठन, अब गेंद हाईकमान के पाले में
देहरादून। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के गठन की गेंद अब हाईकमान के पाले में है। पीसीसी की ओर से प्रस्तावित नामों की सूची हाईकमान को सौंप दी गई है। इस पर कई दौर की चर्चा भी हो चुकी है। बीते दिवस भी प्रस्तावित कमेटी पर चर्चा के बाद हाईकमान ने फिलहाल फैसला सुरक्षित रख लिया है। अब पीसीसी से अगले 90 दिन का प्लान मांगा गया है।
गोदियाल ने रखा दो माह का लेखा-जोखा
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने दिल्ली से लौटने के बाद इस संबंध में हिन्दुस्तान से बातचीत में बताया कि शीघ्र ही कार्यकारिणी के गठन का एलान हाईकमान के स्तर से किया जाएगा। उन्होंने होमवर्क पूरा करने के बाद सूची सौंप दी है। गोदियाल ने बताया कि बीते दिवस दिल्ली में राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, महासचिव केसी वेणु गोपाल और प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा के साथ हुई बैठक में पिछले दो माह का लेखा-जोखा रखा। इसके लिए गुरुवार को एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है। इस बैठक में नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, प्रदेश चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष प्रीतम सिंह, चुनाव प्रबन्धन समिति के अध्यक्ष हरक सिंह रावत शामिल होंगे।

