बांदा। स्क्रैप माफिया रवि काना की रिहाई के मामले में एसपी पलाश बंसल के निर्देश पर निलंबित जेलर विक्रम सिंह और जेल अधीक्षक अनिल गौतम समेत अज्ञात के विरुद्ध पुलिस अभिरक्षा में आरोपित को भगाने का मुकदमा दर्ज किया गया है।
एसपी ने पांच सदस्यीय टीम भी गठित की है। टीम में अपर एसपी को नोडल अधिकारी बनाया गया है। एक सप्ताह के अंदर पूरे प्रकरण की जांच रिपोर्ट मांगी गई है।
गैंग्स्टर रविंद्र नागर उर्फ रवि काना की रिहाई के मामले में मंडल जेल के चौकी इंचार्ज अनुराग पांडेय की तहरीर पर मंगलवार को देर शाम जेल अधीक्षक अनिल गौतम व निलंबित किए गए जेलर विक्रम सिंह यादव व अन्य अज्ञात जेल कर्मियों के विरुद्ध पुलिस अभिरक्षा में माफिया को छोड़े जाने की धारा 260 बीएनएस (सरकारी अधिकारी द्वारा अभिरक्षा में आरोपित को छोड़े जाने) के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है।
एसपी पलाश बंसल ने बताया कि एएसपी शिवराज के नेतृत्व में जांच टीम गठित की गई है। जिसमें सीओ बबेरू सौरभ सिंह, कोतवाली बांदा निरीक्षक बलराम सिंह कोतवाली नगर, निरीक्षक प्रभु नाथ यादव, महिला थानाध्यक्ष मोनी निषाद को टीम में शामिल किया गया है।
जांच टीम के नोडल अधिकारी एएसपी आदि पूरी टीम में जांच शुरू कर दी है। एक सप्ताह के अंदर जांच रिपोर्ट मांगी गई है।

