संचार नाउ। हाल ही में नोएडा में सड़क किनारे बने बेसमेंट में कार गिरने से एक इंजीनियर की दर्दनाक मौत के बाद ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। सड़क हादसों को रोकने के लिए प्राधिकरण ने दुर्घटना संभावित क्षेत्रों को सुरक्षित बनाने का व्यापक अभियान शुरू किया है। प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर सड़कों पर मौजूद गड्ढों, शार्प यूटर्न और ब्लैक स्पॉट को तत्काल चिन्हित कर सुधार कार्य के आदेश दिए गए हैं।
इसी क्रम में एसीईओ श्रीलक्ष्मी वीएस ने रविवार देर शाम महाप्रबंधक एके सिंह और सभी वर्क सर्किल प्रभारियों के साथ ऑनलाइन बैठक कर स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में भ्रमण कर तीन दिन के भीतर दुर्घटना संभावित स्थानों को चिन्हित करें और वहां सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करें। सोमवार से ही इस विशेष अभियान की शुरुआत कर दी गई है।
एसीईओ सुमित यादव की निगरानी में परियोजना विभाग की टीमें फील्ड में उतर चुकी हैं। 130 मीटर रोड, सेक्टर दो और तीन समेत कई संवेदनशील इलाकों का निरीक्षण कर रोड मार्कर, कैट्स आई, रिफ्लेक्टर, सेंट्रल वर्ज पर पेंटिंग, बिना दीवार वाले नालों पर बैरिकेडिंग और संपर्क मार्गों पर स्पीड ब्रेकर लगाए जा रहे हैं। ब्लैक स्पॉट को प्राथमिकता पर दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्राधिकरण ने साफ किया है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वर्क सर्किलों को शपथ पत्र देना होगा कि उनके क्षेत्र में सभी दुर्घटना संभावित स्थानों पर सुरक्षा इंतजाम पूरे कर दिए गए हैं। विद्युत अभियांत्रिकी विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि किसी भी मार्ग पर अंधेरा न रहे और सभी स्ट्रीट लाइटें दुरुस्त हों। वहीं, बिल्डरों को भी निर्माणाधीन साइटों पर सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन करने के आदेश दिए गए हैं।
प्राधिकरण ने वाहन चालकों से भी यातायात नियमों का पालन करने और सुरक्षित ड्राइविंग की अपील की है। यह अभियान आने वाले दिनों में सड़क हादसों पर प्रभावी रोक लगाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

