लखनऊ: भारतीय संस्कृति में गाय व पंचगव्य के महत्व को लेकर बनी हिंदी फिल्म ‘गोदान’ देश भर में छह फरवरी को रिलीज होगी। शनिवार को निर्माता-निर्देशक विनोद चौधरी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भेंट कर फिल्म की विषयवस्तु, उद्देश्य और सामाजिक संदेश के संबंध में जानकारी दी। उनकी उपस्थिति में मुख्यमंत्री ने फिल्म का ट्रेलर लांच किया गया। निर्देशक ने बताया कि फिल्म में गो संरक्षण का संदेश दिया गया है। उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री ने गोरक्षा के लिए ठोस काम किया है।
चौधरी ने कहा कि आज देश में गोरक्षा का सबसे बड़ा केंद्र उत्तर प्रदेश है। प्रदेश में गोशालाओं का विस्तार, निराश्रित गोवंश का संरक्षण, तस्करी पर सख्ती और गो संरक्षण को शासन की प्राथमिकता बनाना, ये सभी कार्य मुख्यमंत्री के नेतृत्व में संभव हो पाए हैं। गाय केवल एक पशु नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक आत्मा है, जो वैदिक काल से हमारे जीवन का आधार रही है। नई युवा पीढ़ी धीरे-धीरे गाय के महत्व को भूलती जा रही है। फिल्म में पंचगव्य से पंच परिवर्तन को प्रमुखता से दिखाया गया है। इसमें बताया गया है कि पंचगव्य किस प्रकार मानव जीवन में सकारात्मक बदलाव लाता है। फिल्म में इसे वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया गया है।
फिल्म निर्माता ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से फिल्म को टैक्स-फ्री किए जाने की अपेक्षा भी व्यक्त की। कहा कि यह फिल्म किसी एक जाति, धर्म या वर्ग की नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक के लिए है। विशेषकर युवा पीढ़ी को यह फिल्म अवश्य देखनी चाहिए। स्कूल के बच्चों, परिवारों और समाज के हर वर्ग तक इसका संदेश पहुंचना चाहिए। गो सेवा आयोग के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता ने बताया कि गोमाता पर बनी यह फिल्म हर युवा, बच्चे और बुजुर्ग को सपरिवार देखनी चाहिए। मुख्यमंत्री से मुलाकात के दौरान फिल्म के प्रचार-प्रसार प्रमुख शांतनु शुक्ला, सीएमडी यथार्थ हास्पिटल नोएडा डा. कपिल त्यागी और नवल किशोर उपस्थित थे।

