मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रविवार को लखनऊ स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में पात्र छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति वितरित करेंगे। यह कार्यक्रम पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग, अल्पसंख्यक कल्याण विभाग और समाज कल्याण विभाग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में विद्यार्थी और उनके अभिभावक उपस्थित रहेंगे।
तीन विभागों की छात्रवृत्ति योजनाओं का लाभ
इस अवसर पर पूर्वदशम कक्षा 9-10, दशमोत्तर कक्षा 11-12 तथा उच्च कक्षाओं में अध्ययनरत पात्र विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। संबंधित विभागों द्वारा सभी पात्र लाभार्थियों की सूची तैयार कर ली गई है और छात्रवृत्ति की धनराशि उनके आधार-सीडेड बैंक खातों में अंतरित करने की पूरी तैयारी कर ली गई है। इसके साथ ही विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति स्वीकृति प्रमाण पत्र भी प्रदान किए जाएंगे।
सजीव प्रसारण की विशेष व्यवस्था
जिला समाज कल्याण अधिकारी वशिष्ठ नारायण सिंह ने बताया कि रविवार शाम साढ़े चार बजे आयोजित इस कार्यक्रम का सजीव प्रसारण जिले के सभी शिक्षण संस्थानों में छात्र-छात्राओं की उपस्थिति में किया जाएगा, जिससे अधिक से अधिक विद्यार्थी इस कार्यक्रम से जुड़ सकें। कार्यक्रम के दौरान विभागीय मंत्री अपने-अपने विभागों की उपलब्धियों और योजनाओं की जानकारी भी साझा करेंगे।
2026-27 के बजट प्रस्तावों पर मुख्यमंत्री का मंथन
इसी क्रम में शनिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट प्रस्तावों को लेकर विस्तृत समीक्षा बैठक की। उन्होंने कहा कि पिछले लगभग नौ वर्षों में राज्य ने विकास, सुरक्षा और समृद्धि के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है, जिससे प्रदेश की जनता की अपेक्षाएं और भी बढ़ी हैं। इन अपेक्षाओं पर खरा उतरना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
लोककल्याण को केंद्र में रखने का निर्देश
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आगामी बजट पूरी तरह लोककल्याण पर केंद्रित होना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि गरीब, किसान, श्रमिक, महिला, युवा और समाज के वंचित वर्गों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाना ही बजट की मूल भावना होनी चाहिए। बैठक में मुख्यमंत्री के अधीन विभागों और राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) के विभागों के बजट प्रस्तावों, नई मांगों तथा केंद्रीय बजट 2026-27 के परिप्रेक्ष्य में राज्य सरकार के प्रस्तावों पर भी गहन चर्चा की गई।

