लखनऊ में स्वामी विवेकानंद की जयंती और राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर आयोजित राज्य स्तरीय युवा महोत्सव में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विवेकानंद यूथ अवार्ड को लेकर महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि अब यह सम्मान केवल खेल और सामाजिक गतिविधियों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और जल संरक्षण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले युवक मंगल दल और महिला मंगल दल भी इसके दायरे में शामिल होंगे।
पर्यावरण और जल संरक्षण को मिलेगा विशेष महत्व
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान समय में जल संरक्षण और पर्यावरण संतुलन सबसे बड़ी आवश्यकता बन चुकी है। प्रदेश के प्रत्येक गांव में चेकडैम निर्माण, अमृत सरोवर, पुराने कुओं के पुनरुद्धार और अतिक्रमण मुक्त कराई गई प्राचीन नदियों के संरक्षण में युवाओं की भागीदारी निर्णायक होगी। भविष्य में राज्य स्तरीय विवेकानंद यूथ अवार्ड इन्हीं मापदंडों के आधार पर प्रदान किए जाएंगे।
खेलो इंडिया के तहत नए खेल ढांचे का विस्तार
इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने खेलो इंडिया योजना के अंतर्गत 21 करोड़ रुपये की लागत से बने पांच मल्टीपर्पज हॉल का लोकार्पण किया। इनमें दो हॉल लखनऊ में जबकि हरदोई, कन्नौज और सहारनपुर में एक-एक हॉल बनाए गए हैं। इसके साथ ही 26 करोड़ रुपये की लागत से सुलतानपुर, कासगंज और फतेहपुर में बनने वाले तीन ग्रामीण स्टेडियम का शिलान्यास भी किया गया।
‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान को जन आंदोलन बनाने की अपील
मुख्यमंत्री ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान को जन आंदोलन का रूप देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक परिवार को अपने सदस्यों की संख्या के अनुसार पौधारोपण करना चाहिए। आगामी वन महोत्सव के दौरान प्रदेश में 35 करोड़ पौधे लगाए जाएंगे, जिसमें युवक और महिला मंगल दलों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी।
युवाओं के सर्वांगीण विकास पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में गांव स्तर पर खेल मैदान, विकासखंड स्तर पर मिनी स्टेडियम और जिला स्तर पर बड़े स्टेडियमों के निर्माण के माध्यम से युवाओं को खेलों से जोड़ा जा रहा है। इसके साथ ही नशामुक्ति, टीमवर्क और सामाजिक जिम्मेदारी के भाव को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विवेकानंद यूथ अवार्ड की चयन प्रक्रिया में खेल उपलब्धियों के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यों की तकनीकी और भौतिक निगरानी भी की जाएगी।
विकसित भारत-2047 का संकल्प और युवा शक्ति
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ‘युवा शक्ति-राष्ट्र शक्ति’ मंत्र के साथ युवाओं को विकसित भारत-2047 के संकल्प से जुड़ने का आह्वान किया। उन्होंने स्वामी विवेकानंद को वैश्विक मंच पर भारत की सनातन संस्कृति का प्रतिनिधि बताते हुए नमन किया। साथ ही जीजाबाई मां साहिब की जयंती पर मातृशक्ति के राष्ट्र निर्माण में योगदान को भी स्मरण किया।
रोजगार, निवेश और कानून व्यवस्था पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में इलेक्ट्रॉनिक्स और मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग में बड़ी हिस्सेदारी, बेहतर कानून व्यवस्था और पर्यटन विस्तार के कारण रोजगार के नए अवसर सृजित हुए हैं। उन्होंने दोहराया कि अब प्रदेश में न कर्फ्यू है, न दंगा, बल्कि हर क्षेत्र में विकास और निवेश बढ़ रहा है।
अन्य वक्ताओं के विचार
उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने स्वामी विवेकानंद के विचारों को युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बताया। खेल एवं युवा कल्याण राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव ने युवाओं से एक लक्ष्य को अपनाकर पूरी निष्ठा से आगे बढ़ने का आह्वान किया। कार्यक्रम में लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल सहित कई जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
पुरस्कार वितरण और विवाद
व्यक्तिगत श्रेणी, युवक मंगल दल और महिला मंगल दल के अंतर्गत कई युवाओं को विवेकानंद यूथ अवार्ड से सम्मानित किया गया। वहीं कार्यक्रम के दौरान व्यक्तिगत श्रेणी के दो पुरस्कार विजेताओं के नाम अंतिम समय में बदले जाने पर विवाद भी सामने आया। लखनऊ के अवधेश कुमार और देवरिया के देवानंद राय के नाम सूची से हटाए गए, जिस पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अवधेश कुमार को सम्मानित करते हुए पुरस्कार सूची में हेराफेरी की निंदा की।

