नोएडा। झारखंड से सर्दियों में नोएडा समेत एनसीआर में भीडभाड़ वाली जगह से मोबाइल चोरी करने वाले लिटिल चोर गिरोह फेज दो थाना पुलिस ने पर्दाफाश किया। पुलिस ने सेक्टर 81 से मंगलवार को न केवल सरगना व दो नाबालिग समेत आठ बदमाशों को दबोचा। बल्कि आरोपितों की निशानदेही पर विगत दो माह में एनसीआर से चोरी किए अनुमानित छह से आठ करोड़ रुपये कीमत के 821 मोबाइल फोन भी बरामद किए।
कारोबारी का डेढ़ लाख रुपये कीमत का मोबाइल चोरी करने के दौरान सीसीटीवी में कैद होने पर गिरोह पकड़ में आया। 26 जनवरी को मोबाइल नेपाल में भेजकर खपवाए जाने थे। देश के बाहर जाने से लोगों का निजी डाटा चोरी होने और साइबर ठगों से जुड़ने का अंदेशा है। डीसीपी ने थाना पुलिस को सम्मानित करने की घोषणा की।
दो नाबालिग समेत आठ संदिग्धों को सेक्टर 81 से दबोचा
फेज दो थाना क्षेत्र में एक कारोबारी का मोबाइल चोरी होने पर पुलिस चोरों की तलाश में जुटी थी। सीसीटीवी के आधार पर पुलिस ने दो नाबालिग समेत आठ संदिग्धों को मंगलवार को सेक्टर 81 से दबोचा।
डीसीपी सेंट्रल नोएडा शक्ति मोहन अवस्थी ने बताया कि आरोपितों की पहचान झारखंड साहिबगंज के महाराजपुर गांव के श्याम कुमार, भरतीया महतो, शेखर, प्रदीप कुमार, बिहार भागलपुर के अब्जूगंज गांव के गोविंदा महतो, मेरठ के बड़ा मवाना गांव के रोहित सैनी व झारखंड के दो नाबालिग के रूप में हुई।
सभी तिगरी गांव में किराये पर रहते हैं।
पूछताछ में पता चला है कि गिरोह का सरगना गोविंदा महतो है। उसने नवंबर 2025 में नोएडा पहुंचने पर चाय की दुकान करने वाले रोहित सैनी को भी शामिल किया। सभी मिलकर भीड़भाड़ वाली जगह जैसे साप्ताहिक बाजार, फल व सब्जी मंडी में नाबालिग को साथ लेकर मोबाइल चोरी करने निकलते।
ध्यान भटकाकर नाबालिग मोबाइल चोरी कर लेते। एक-दूसरे को पकड़ाकर मोबाइल को छिपाया जाता। अगर नाबालिग पकड़े जाते तो सभी बच्चे होने की बात कहकर बचाते। पिछले दो माह में गिरोह नोएडा, गाजियाबाद, दिल्ली समेत एनसीआर से 821 मोबाइल चोरी कर चुका है। सभी मोबाइल को आरोपितों के कमरे से बरामद किया।
सर्दियों में सक्रिय होता है गिरोह
एडीसीपी संतोष मिश्र ने बताया कि गिरोह सर्दियों में वारदात करने आता है। जैकेट आदि से चोरी करना आसान होता है। खुद भी मफलर व टोपी आदि लगाए रखते हैं। इससे पहचान करना मुश्किल होता है।
आरोपितों के अपराधिक इतिहास को लेकर थाना प्रभारी अवधेश प्रताप सिंह ने बताया कि आरोपितों पर दो जबकि नाबालिग पर तीन मुकदमे दर्ज हैं। नाबालिग ने 2024 में ई-रिक्शा और बीएसएनएल की जीएम सुषमा का मोबाइल चोरी किया था। बरामद मोबाइल के आईएमईआई को रन कराया जा रहा है। मोबाइल के असली मालिक की जानकारी जुटाकर न्यायालय के आदेश पर मोबाइल लौटाए जाएंगे।


