एशिया का सबसे बड़ा खेल उत्सव- एशियन गेम्स- शनिवार को जापान के आइची-नागोया में शुरू होने जा रहा है. इस साल ये खेल अपने 20वें संस्करण में प्रवेश कर रहे हैं और एक रंगारंग ओपनिंग सेरेमनी के साथ खेलों की अधिकारिक शुरुआत होगी. जापान के सम्राट नारुहितो इस कार्यक्रम का उद्घाटन करेंगे. महारानी मसाको, राजकुमार अकिशिनो और राजकुमारी किको भी समारोह में शामिल होंगे. राजकुमार अकिशिनो इन खेलों के मानद अध्यक्ष हैं. नागोया के पालोमा मिज़ुहो स्टेडियम में होने वाले समारोह में जापान के जाने-माने खिलाड़ी भी हिस्सा लेंगे. जापान अब 16 दिनों तक चलने वाले मुकाबलों का गवाह बनने के लिए तैयार है, जिसमें पूरे एशिया के खिलाड़ी खेल में कामयाबी के लिए मुकाबला करेंगे.
इस बार खेलों का क्या है कॉन्सेप्ट
22 अगस्त को शुरू हुई टॉर्च रिले शनिवार को उद्घाटन समारोह में अपनी यात्रा पूरी करेगी. उद्घाटन समारोह में जापान के इतिहास, कला और सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिलेगी. उद्घाटन समारोह की थीम ‘हार्टबीट इन हार्मनी’ है, जबकि एशियाई खेलों का कॉन्सेप्ट ‘वन एशिया’ है. ‘होनोहोन’ इसका आधिकारिक मैस्कॉट है.
इसका मकसद दिल की धड़कन या दिल को जुड़ाव के प्रतीक के तौर पर इस्तेमाल करना है – ताकि एथलीट, दर्शक, आइची-नागोया और बाकी एशिया आपस में जुड़ सकें. आयोजकों का कहना है कि इस सेरेमनी का मकसद एथलीटों और दर्शकों को यह महसूस कराना है कि वे एक ही दिल की धड़कन साझा कर रहे हैं.
जापान महीनों से इस ओपनिंग सेरेमनी की तैयारी कर रहा है. इसके लिए 50 मिलियन अमेरिकी डॉलर का खर्च हुआ है. आपको कलाकार’दिल’ वाली थीम के साथ तालमेल बिठाते दिखेंगे. वहीं इसमें रोबोट का इस्तेमाल भी दिखेगा.
ओपनिंग सेरेमनी का डायरेक्ट कौन?
इसमें बड़ा नाम युकिहिको सुत्सुमी का है, जो 70 साल के जापानी फिल्म और टेलीविज़न डायरेक्टर हैं. वह सेरेमनी के चीफ/जनरल डायरेक्टर हैं और पूरी आर्टिस्टिक डायरेक्शन की देखरेख कर रहे हैं. ऑर्गनाइजिंग कमिटी ने खास तौर पर सेरेमनी के बाद सुत्सुमी के साथ मीडिया बातचीत की घोषणा की है, क्योंकि वह पूरी डायरेक्शन के लिए जिम्मेदार हैं.
इसमें एक दिलचस्प निजी पहलू भी है. सुत्सुमी नागोया में पले-बढ़े हैं, और उन्होंने कहा है कि उन्होंने यह काम इसलिए भी स्वीकार किया ताकि वह उस शहर को कुछ वापस दे सकें जहां उन्होंने अपने शुरुआती साल बिताए थे. प्लान में लोगों, झंडों और लाइव परफॉर्मर्स के ज़रिए मैदान को भरने पर ज़ोर दिया गया है.
इसे सिर्फ़ एक टेक्नोलॉजिकल शो के तौर पर पेश नहीं किया जा रहा है. इसे एक मानवीय शो के तौर पर दिखाया जाएगा- जिसमें जापानी कारीगरी और आइची-नागोया की पहचान मुख्य होगी. ओपनिंग और क्लोजिंग सेरेमनी की प्लानिंग, प्रोडक्शन और ऑपरेशन का काम झेजियांग डफेंग इंडस्ट्री संभाल रही है.
क्या बारिश बनेगी विलेन?
बता दें, जब 1951 में नई दिल्ली में एशियाई खेलों की शुरुआत हुई थी, तब सिर्फ़ 11 देशों ने हिस्सा लिया था. जापान तीसरी बार एशियाई खेलों की मेज़बानी कर रहा है. एथलेटिक्स प्रतियोगिताएं 23 सितंबर से शुरू होंगी। पिछले संस्करण में, चीन 382 पदकों (जिनमें 200 स्वर्ण पदक शामिल थे) के साथ पदक तालिका में शीर्ष पर रहा था. भारत 106 पदकों (जिनमें 28 स्वर्ण पदक शामिल थे) के साथ चौथे स्थान पर रहा था.
हालांकि गुरुवार और शुक्रवार को नागोया में बहुत कम बारिश हुई, लेकिन उद्घाटन समारोह के दौरान मौसम खलल डाल सकता है। मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार बारिश की 40 प्रतिशत संभावना है.
