CM योगी से मिले मोहसिन रजा, UP में वक्फ संपत्तियों की SIT जांच की मांग

Sanchar Now
4 Min Read

पूर्व मंत्री मोहसिन रजा ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से 5 कालिदास मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास पर भेंट कर वक्फ बोर्डों में व्याप्त बड़े पैमाने के घोटालों और अनियमितताओं पर गहरा संज्ञान व्यक्त किया. इस बैठक के दौरान उन्होंने बताया कि वर्तमान में केवल 1,27,000 रजिस्टर्ड वक्फ रह गए हैं, जबकि पहले यह संख्या दो लाख से अधिक थी. उन्होंने कहा कि पुराने दौर में (सपा, बसपा, कांग्रेस शासनकाल) वक्फ बोर्ड का समुचित ऑडिट नहीं कराया गया और लाखों संपत्तियों का लेखा-जोखा अस्पष्ट रहा.

मोहसिन रजा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा पारित वक्फ संशोधन अधिनियम 2025 का स्वागत करते हुए कहा, “यह कानून वक्फ संपत्तियों में पारदर्शिता लाने, उनकी सुरक्षा और सही उपयोग को सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक है.” उन्होंने जोर देकर कहा कि अब समय आ गया है कि वक्फ संपत्तियों की वास्तविक स्थिति का पता लगाने के लिए त्वरित और निष्पक्ष जांच कराई जाए.

‘सत्तर हजार से अधिक वक्फ संपत्तियां कर दी गईं गायब’

उन्होंने कहा लगभग सत्तर हजार से अधिक वक्फ संपत्तियां रजिस्ट्रेशन से मिटाई या गायब कर दी गई हैं, यह राशि करोड़ों रूपये के गंभीर भ्रष्टाचार का संकेत है. उन्होंने बताया कि लखनऊ सहित गाजियाबाद, कानपुर, मेरठ, सहारनपुर, अयोध्या, बरेली, नोएडा, आगरा, प्रयागराज, अलीगढ़, वाराणसी, अमरोहा, बिजनौर, आज़मगढ़ सहित अनेक जनपदों में अवैध कब्जे और वक्फ संपत्तियों के व्यावसायिक उपयोग की शिकायतें मिली हैं.

पूर्व मंत्री मोहसिन रजा ने सीएम योगी आदित्यनाथ से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री से कहा कि सदियों से धार्मिक/सामाजिक उद्देश्य के लिए स्थापित वक्फ संपत्तियों का मूल लक्ष्य प्रभावित हुआ है, जरूरतमंद व लाभार्थियों तक लाभ नहीं पहुंच पा रहा.

पढ़ें  गर्लफ्रेंड से मिलने पहुंचा शख्स, घरवालों ने पकड़ लिया… रस्सी से बांधकर पीटा

उन्होंने मांग की है कि शिया और सुन्नी दोनों वक्फ बोर्डों की समस्त वक्फ संपत्तियों का जनपदवार SIT गठन करके सत्यापन कराना चाहिए. जनपदवार विशेष ऑडिट, भौतिक निरीक्षण और अभिलेखों का मिलान कराकर रजिस्ट्री तथा वास्तविक संपत्तियों की पूर्ण सूची तैयार कराई जाए.

घोटाला करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की मांग

उन्होंने मांग की है कि जिन संपत्तियों में हेरफेर, फर्जी नामांतरण, अवैध लीज़, या कब्जा परिवरतन पाया जाए, उनके विरुद्ध तीव्र और कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाए तथा संपत्तियों की वसूली व पुनर्स्थापना सुनिश्चित की जाए. वक्फ बाय यूजर के विवादों का भी निस्तारण किया जाए. साथ ही दोषी व्यक्तियों, संस्थानों, मुतवल्लियों, प्रभावशाली धर्मगुरुओं अथवा राजनीतिक संरक्षण प्राप्त समूहों के तत्त्वों की पारदर्शी जांच कर सार्वजनिक रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए.

वक्फ संपत्तियों को कब्जा मुक्त कराने की मांग

मंत्री ने यह भी मांग की है कि वक्फ संपत्तियों को अवैध कब्जों से मुक्त कर उनके विकास के लिए प्रामाणिक नीतियां अपनाई जाएं, ताकि अल्पसंख्यक समुदाय के वास्तविक जरूरतमंदों, पिछड़ों और दबे-कुचले लोगों को इसका सीधा लाभ मिल सके. प्रदेश स्तर पर जनपदवार समितिया गठित कर व्यापक निगरानी, ऑडिट और वसूली अभियान चलाया जाए ताकि पारदर्शिता, जवाबदेही और जनता का विश्वास पुनः स्थापित हो.

SIT जांच और विशेष ऑडिट की मांग

मोहसिन रजा ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि भ्रष्टाचार-विरोधी और जीरो-टॉलरेंस नीति के अनुरूप इस मामले में उच्चस्तरीय, निष्पक्ष और शीघ्र कार्रवाई की जाए. उन्होंने कहा कि विषय की संवेदनशीलता और जनहित को देखते हुए तत्काल SIT जांच व विशेष ऑडिट आरम्भ कराकर जनहित में निर्णय लिया जाए.

Share This Article
Follow:
Sanchar Now is Digital Media Platform through which we are publishing international, national, states and local news mainly from Western Uttar Pradesh including Delhi NCR through Facebook, YouTube, Instagram, Twitter and our portal www.sancharnow.com
Leave a Comment