संचार नाउ। यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र के किसानों के लिए बड़ी राहत की खबर है। प्राधिकरण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगामी गौतमबुद्ध नगर दौरे के दौरान 5100 किसानों को आबादी के प्लॉट आवंटित करने की तैयारी में जुटा है। इसके लिए भूमि एवं प्रोजेक्ट विभाग तेजी से काम कर रहे हैं और बड़ी संख्या में किसानों के आरक्षण पत्र पहले ही जारी किए जा चुके हैं।
यमुना प्राधिकरण द्वारा भूमि अधिग्रहण के बदले किसानों को उनकी कुल अधिग्रहित भूमि का सात प्रतिशत हिस्सा आबादी भूखंड के रूप में दिया जाता है, ताकि किसान अपने रहने के लिए इसका उपयोग कर सकें। प्राधिकरण पहले आरक्षण पत्र जारी करता है, जिसमें प्लॉट का आकार दर्ज होता है। इसके बाद प्लॉट विकसित कर किसानों को आवंटित किए जाते हैं।
प्राधिकरण का लक्ष्य है कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में एक साथ 5100 किसानों को उनके आवंटन पत्र सौंपे जाएं। इसके लिए प्लॉटों का विकास कार्य युद्धस्तर पर कराया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, जिन गांवों में एसआईटी जांच लंबित नहीं है, वहां के किसानों को प्राथमिकता के आधार पर प्लॉट दिए जाएंगे। वहीं दनकौर, अट्टा गुजरान और जगनपुर जैसे गांवों में एसआईटी जांच लंबित होने के कारण वहां के मामलों पर फिलहाल निर्णय लंबित रहेगा।
आवंटन की प्रक्रिया में गुनपुरा, मथुरापुर, मूंजखेड़ा, औरंगपुर, बेला कलां, सलारपुर, मुस्तफाबाद, रामपुर बांगर, चांदपुर, मिर्जापुर, रस्तमपुर, पारसौल, उस्मानपुर, डूंगरपुर रीलखा, अच्छेजा, पचोकरा, निलौनी शाहपुर, धनोरी, कादरपुर, रौनिजा, तिरथली और वीरमपुर समेत कई गांवों के किसानों को लाभ मिलने की संभावना है।
यमुना प्राधिकरण के अधिकारियों का कहना है कि किसानों को जल्द से जल्द विकसित आबादी के प्लॉट उपलब्ध कराने के लिए सभी आवश्यक प्रक्रियाएं तेजी से पूरी की जा रही हैं। प्रयास है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथों किसानों को आवंटन पत्र वितरित कर इस लंबे समय से लंबित मांग को पूरा किया जाए।
