ग्रेटर नोएडा में किसान संघर्ष मोर्चा के सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने प्राधिकरण की ओर कूच करते हुए गिरफ्तारी दी। ये किसान अपने अधिकारों और 10 फीसदी प्लॉट की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। किसान सभा के दफ्तर से शुरू हुए इस मार्च में बड़ी संख्या में महिला-पुरुष किसान शामिल थे।
ये किसान नेता लिए गए हिरासत में
किसान नेताओं के अनुसार, डॉ. रुपेश वर्मा, इंद्र प्रधान और सोरन प्रधान इस संघर्ष का नेतृत्व कर रहे थे। उनके नेतृत्व में सैकड़ों महिला-पुरुष किसानों को गिरफ्तार किया गया है। किसानों ने अपना हक लेकर रहने और 10 फीसदी प्लॉट की मांग दोहराई। अब तक करीब 106 किसानों को हिरासत में लिया गया है। हिरासत में लिए गए किसानों में 20 महिलाएं भी शामिल हैं। ये सभी किसान अपने अधिकारों के लिए लगातार संघर्ष कर रहे हैं। प्राधिकरण की ओर मार्च करते समय उन्हें रोका गया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया।
किसानों की मुख्य मांग
किसानों की प्रमुख मांग 10 फीसदी विकसित प्लॉट है। वे लंबे समय से इस मांग को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि यह उनका वैध हक है। वे इसे प्राप्त करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
20 महिला समेत 106 किसान हिरासत में
प्राधिकरण की ओर कूच के दौरान पुलिस ने कार्रवाई की। सैकड़ों किसानों को गिरफ्तार कर हिरासत में लिया गया। इनमें डॉ. रुपेश वर्मा, इंद्र प्रधान और सोरन प्रधान जैसे प्रमुख नेता भी शामिल हैं। कुल 106 किसानों को हिरासत में रखा गया है। इनमें 20 महिला किसान भी शामिल हैं, जो अपने हक के लिए संघर्ष कर रही थीं।
