संचार नाउ। औद्योगिक विकास को गति देने और उद्यमियों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से सोमवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के बोर्ड रूम में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर आयोजित बैठक की अध्यक्षता एसीईओ सौम्य श्रीवास्तव ने की, जबकि एसीईओ सुमित यादव भी मौजूद रहे। बैठक में इंडस्ट्रियल बिजनेस एसोसिएशन (आईबीए) के पदाधिकारियों और विभिन्न औद्योगिक क्षेत्रों के उद्यमियों ने भाग लेकर अपनी समस्याएं और सुझाव प्राधिकरण के समक्ष रखे।
दरअसल, बैठक में उद्यमियों ने औद्योगिक सेक्टरों में सीवर, ड्रेनेज, बिजली, पानी, जलभराव जैसी मूलभूत समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की। इसके साथ ही उद्योगों के बकाया मामलों के निस्तारण के लिए वन टाइम सेटलमेंट (OTS) योजना लागू करने, सिंगल विंडो सिस्टम के माध्यम से एनओसी एवं अन्य अनुमतियां उपलब्ध कराने और सभी औद्योगिक सेक्टरों में कॉमन फैसिलिटी सेंटर (CFC) स्थापित करने का प्रस्ताव भी रखा।
आईबीए के अध्यक्ष अमित उपाध्याय ने कहा कि ईकोटेक-3 को आदर्श औद्योगिक सेक्टर के रूप में विकसित किया जाए और कॉमन फैसिलिटी सेंटर बनने से उद्यमियों को बैठकें, प्रशिक्षण और अन्य गतिविधियों के लिए बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी। इसके अलावा औद्योगिक क्षेत्रों में डोर-टू-डोर कूड़ा संग्रहण, वेंडिंग जोन विकसित करने तथा जलभराव की समस्या से निपटने के लिए ड्रेनेज सिस्टम को मजबूत करने की मांग भी उठाई गई।
बैठक के दौरान एसीईओ सौम्य श्रीवास्तव ने प्राधिकरण के परियोजना, जल, सीवर, विद्युत, स्वास्थ्य एवं नियोजन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि उद्यमियों की सभी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि उद्योगों के लिए बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्राधिकरण की प्राथमिकता है और इस दिशा में तेजी से कार्य किया जाएगा।
बैठक में प्राधिकरण के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ इंडस्ट्रियल बिजनेस एसोसिएशन के पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में उद्यमी मौजूद रहे। इस दौरान उद्योगों के विकास और निवेश को बढ़ावा देने के लिए प्राधिकरण और उद्यमियों के बीच समन्वय मजबूत करने पर भी जोर दिया गया।
