‘शर्म करो टीम इंडिया…’ जय शाह और सूर्यकुमार यादव पर क्यों भड़के कीर्ति आजाद, जानकर चौंक जाएंगे

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भारत को टी-20 विश्व कप की ट्रॉफी जीते पूरे-पूरे 24 घंटे भी नहीं बीते हैं और इस पर अब विवाद शुरू हो गया है। अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में रविवार को भारत ने न्यूजीलैंड को हराकर खिताब अपने नाम किया। सूर्यकुमार यादव की अगुआई वाली टीम ने यह कारनामा कर कई इतिहास भी रचे। सभी खिलाड़ी जीत के जश्न में मशगूल रहे। इसी सिलसिले में मैच की अगली सुबह भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव आईसीसी अध्यक्ष जय शाह और मुख्य कोच गौतम गंभीर के साथ अहमदाबाद के हनुमान मंदिर में पूजा अर्चना करने गए। कप्तान सूर्यकुमार यादव मंदिर ट्रॉफी के साथ गए और पूजा की।

भारतीय कप्तान, कोच और आईसीसी अध्यक्ष का इस तरह ट्रॉफी के साथ मंदिर जाना और हनुमान जी की पूजा अर्चना करना पूर्व भारतीय क्रिकेटर और टीमएमसी के लोकसभा सांसद कीर्ति आजाद को रास नहीं आया है। 1983 विश्व कप विनिंग टीम का हिस्सा रहे कीर्ति आजाद ने कप्तान सूर्यकुमार यादव और आईसीसी अध्यक्ष जय शाह पर सवाल उठाए हैं और इसे भारतीयता के विरुद्ध बताया है।

उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए लिखा, “टीम इंडिया पर शर्म आती है। जब हमने 1983 में कपिल देव की कप्तानी में विश्व कप जीता था, तब हमारी टीम में हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई खिलाड़ी थे। हम ट्रॉफी को अपनी धार्मिक जन्मभूमि, अपनी मातृभूमि भारत (हिंदुस्तान) में लाए थे। आखिर भारतीय क्रिकेट ट्रॉफी को क्यों घसीटा जा रहा है? मस्जिद क्यों नहीं? चर्च क्यों नहीं? गुरुद्वारा क्यों नहीं?”

उन्होंने संजू के शानदार प्रदर्शन का सहारा लेते हुए कहा कि संजू सैसमन या सिराज ट्रॉफी लेकर मस्जिद या चर्च क्यों नहीं जा सके। यह ट्रॉफी सिर्फ मंदिर के दरवाजों पर क्यों घसीटी जा रही है।

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उन्होंने लिखा “यह टीम भारत का प्रतिनिधित्व करती है, सूर्यकुमार यादव या जय शाह के परिवार का नहीं। सिराज कभी ट्रॉफी को मस्जिद में नहीं ले गए। संजू कभी इसे चर्च में नहीं ले गए। संजू ने टूर्नामेंट में अहम भूमिका निभाई थी और उन्हें मैन ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया था। यह ट्रॉफी हर धर्म के 140 करोड़ भारतीयों की है, किसी एक धर्म की जीत का जश्न मनाने की जगह नहीं।”

2024 WC जीतने के बाद रोहित भी ट्रॉफी के साथ गए थे मंदिर

यह पहली बार नहीं है जब कोई भारतीय कप्तान ट्रॉफी के साथ मंदिर में पूजा करने पहुंचे है। इससे पहले साल 2011 के लंबे इंतजार के बाद 2024 में भारतीय कप्तान रोहित शर्मा ने जब टी-20 विश्व कप का खिताब जीता था, तब बीसीसीआई सचिव जय शाह के साथ, 21 अगस्त, बुधवार को मुंबई के सिद्धिविनायक मंदिर पहुंचे थे। वे दोनों अपने साथ टी20 विश्व कप 2024 की बहुचर्चित ट्रॉफी भी ले गए थे। टी20 विश्व कप में जीत के बाद रोहित और जय शाह ने इस प्रतिष्ठित मंदिर में भगवान गणेश का आशीर्वाद लिया था। ट्रॉफी भी सिद्धिविनायक मंदिर पहुंची थी, जहां दुनिया भर की हस्तियां दर्शन करने आती हैं। दर्शन के बाद रोहित और जय शाह गुलाबी रंग के शॉल पहने नजर आए थे। तब ट्रॉफी को बाकायदा माला भी पहनाई गई थी।

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