ग्रेटर नोएडा: ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क क्षेत्र में हुए डबल मर्डर की गुत्थी को पुलिस ने 24 घंटों में सुलझा लिया है. निर्माणाधीन हॉस्टल में दो मजदूरों की बेरहमी से हत्या करने वाले आरोपी को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया. एनकाउंटर में आरोपी के पैर में गोली लगने के बाद वो घायल अवस्था हो गया. पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया.
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से हत्या में इस्तेमाल किया गया खून से सना फावड़ा, एक अवैध तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद किया है. पूछताछ में सामने आया कि आरोपी का मृतकों के साथ साथ पुराना विवाद चल रहा था. जिसकी वजह से उसने इस वारदात को अंजाम दिया.
नॉलेज पार्क पुलिस और बदमाशों के बीच आज शनिवार को हुई मुठभेड़ के बाद पुलिस ने दोहरे हत्याकांड के मुख्य आरोपी अभिषेक को गिरफ्तार कर लिया. मुठभेड़ के दौरान आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग की, जिसमें एक पुलिसकर्मी बाल-बाल बचा. जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली आरोपी के पैर में लगी, जिसके बाद उसे दबोच लिया गया.
पुलिस पूछताछ में जो खुलासा हुआ है वह बेहद चौंकाने वाला है, निर्माणाधीन हॉस्टल परिसर में अभिषेक अपने साथी मजदूरों, इंद्र और शीशपाल, के साथ शराब पार्टी कर रहा था. इसी दौरान मामूली बात पर शुरू हुआ विवाद खूनी खेल में बदल गया. अभिषेक ने आवेश में आकर फावड़े से वार कर एक मजदूर की जान ले ली. जब उसे लगा कि दूसरा साथी गवाह बन सकता है, तो उसने उसे भी मौत के घाट उतार दिया.
हत्या के बाद शवों के पास बैठकर 4 घंटे तक पी शराब-पुलिस
पुलिस के मुताबिक, दोनों की हत्या करने के बाद आरोपी अभिषेक वहां से भागा नहीं, बल्कि करीब चार घंटे तक दोनों शवों के बीच बैठकर शराब पीता रहा. डीसीपी ग्रेटर नोएडा डाक्टर प्रवीण रंजन सिंह का कहना है कि आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है. उसकी निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया खून से सना फावड़ा, एक अवैध तमंचा और जिंदा कारतूस बरामद किया गया हैं. आरोपी ने शराब के नशे और आपसी विवाद में उसने इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया. फिलहाल आरोपी को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है. जहां उसका इलाज चल रहा है.
डीसीपी ग्रेटर नोएडा डॉक्टर प्रवीण रंजन सिंह ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी अभिषेक ने बताया कि वो और दोनों मृतक जिनके नाम शीशपाल व धर्मेंद्र हैं, तीनों 6 मई 2026 को नॉलेज पार्क ग्रेटर नोएडा के नये बन रहे हॉस्टल में माली का काम करने के लिए आये थे. इसी बीच उनके बीच मनमुटाव हो गया.
आरोपी अभिषेक ने पुलिस को जानकारी दी कि मेरा मनमुटाव शीशपाल से पूर्व से चला आ रहा था. शीशपाल के संबंध पूर्व में मेरी मृत बहन से थे, जिसके कारण वह मुझे ताने देता रहता था और इन्द्र उर्फ धर्मेन्द्र भी उसके साथ मिलकर मुझे ताने मारता रहता था. मैंने इन दोनों को निपटाने की सोच ली और प्लानिंग से मैं इनके साथ काम करने के बहाने ग्रेटर नोएडा आया था.
पुलिस ने बताया कि 8 मई 2026 को आरोपी ने पहले अन्य दोनों को शराब पिलाई और मैंने खुद बहुत कम शराब पी, ताकि वह होश में रह सके. जब अन्य दोनों नशे में होकर सो गये तो उनके सिर पर वार किया गया. जिससे उनकी मौत हो गई.
