संचार नाउ। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने अधिसूचित एवं अधिग्रहित गांव भनौता में अवैध निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग 30 हजार वर्ग मीटर जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया। मुक्त कराई गई जमीन की अनुमानित कीमत करीब 60 करोड़ रुपये बताई गई है। इस कार्रवाई के दौरान 8000 वर्ग मीटर अधिग्रहित और कब्जा प्राप्त जमीन भी खाली कराई गई, जिसका मुआवजा प्राधिकरण पहले ही दे चुका है। आरोप है कि कालोनाइजर इस जमीन को अनधिकृत खसरा नंबर बताकर बेचने की कोशिश कर रहे थे।
दरअसल, सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर भूलेख विभाग और परियोजना विभाग के वर्क सर्किल-2 की टीम ने बुल्डोजर चलाकर अवैध निर्माण ध्वस्त किया। खसरा नंबर 238 और 239 की जमीन पर घर और बाउंड्री बनाकर प्लॉटिंग की तैयारी की जा रही थी, जिसे समय रहते रोक दिया गया।
एसीईओ सुमित यादव ने स्पष्ट किया कि अधिसूचित क्षेत्र में बिना अनुमति या नक्शा पास कराए किसी भी प्रकार का निर्माण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आम नागरिकों से अपील की कि जमीन खरीदने से पहले भूलेख विभाग से सत्यापन अवश्य कर लें, ताकि अवैध कॉलोनियों में निवेश से बचा जा सके।
महाप्रबंधक परियोजना एके सिंह ने बताया कि वरिष्ठ प्रबंधक नरोत्तम सिंह, प्रबंधक रोहित गुप्ता और टीम ने सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी में कार्रवाई को अंजाम दिया। दोबारा अतिक्रमण की कोशिश पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
